सबको धमकी देकर वो धमकाया करता है..
#ताज़ा_ग़ज़ल 💐
सबको धमकी देकर वो धमकाया करता है
दुनिया की धड़कन को वो बढ़वाया करता है
कैसा है वो, जिसको दोस्त बनाया करता है
दुश्मन कह कर फिर उसको पिटवाया करता है
दुनिया पर इल्ज़ाम तो वो लगवाया करता है
लेकिन अपना जुर्म कहाँ दिखलाया करता है
ऊपर से तो गीत मिलन के गाता फिरता है
अंदर से लेकिन सबको लड़वाया करता है
पागल लोगों के लड़ने पर हैरत कभी न करना
पागल ही तो पागल से टकराया करता है !!
फ़ौजी ताक़त भी है ज़रूरी क्यों कि ज़माने में
जंग लड़ने का दिन भी कभी तो आया करता है
शोला शबनम, बिजली बारिश, आंधी और तूफ़ान
मौसम भी क्या रंग हमें दिखलाया करता है !!
अच्छा कुछ होते-होते और बुरा हो जाता है
देखो ऐसा दिन भी कभी तो आया करता है
वो बुल्डोजर भी और बिल्डर भी है वही 'जेहद'
जिसको चाहे उजाड़ के वो बसवाया करता है !
करन सराय, सासाराम, रोहतास, बिहार, इंडिया
Comments