बड़े हो गर तो बनो भी आला..
ताज़ा ग़ज़ल 💐
बड़े हो गर तो बनो भी आला
कि काम सारा करो भी आला
ये बेतुके बोल छोड़ो यारो
कहो भी आला, सुनो भी आला
तुम्हारी इज़्ज़त हैं करते सारे
हुज़ूर-ए-आला, रहो भी आला
बड़े जो बनते हो दर्द वाले
तो दर्द फिर तुम सहो भी आला
जो चाहते हो बड़ा ख़ज़ाना
तो यार माला जपो भी आला
हो आला लेखक समझते ख़ुद को
तो सारी रचना रचो भी आला ।।
जो चाहते हो उड़ान ऊंची
तो पंख अपने करो भी आला
अगर समझते हो ख़ुद को अद्भुत
करिश्मा कोई करो भी आला ।।
अगर चे सच में न चाहते हो
तो सारी क़दरें ढहो भी आला
'जहद' जो बन्ना हो अच्छा शायर
पढ़ो भी आला, लिखो भी आला
~जावेद जहद
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